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9789390900961 (ISBN CODE)
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रामबहादà¥à¤° राय—1946 में गाजीपà¥à¤°, उतà¥à¤¤à¤° पà¥à¤°à¤¦à¥‡à¤¶ में जनà¥à¤®à¥¤ लिख-पढ़कर औपनिवेशिक राजà¥à¤¯à¤µà¥à¤¯à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾ में परिवरà¥à¤¤à¤¨ के लकà¥à¤·à¥à¤¯ से 1979 में पतà¥à¤°à¤•ारिता की राह ली। काशी हिंदू विशà¥à¤µà¤µà¤¿à¤¦à¥à¤¯à¤¾à¤²à¤¯ से (अरà¥à¤¥à¤¶à¤¾à¤¸à¥à¤¤à¥à¤°) में à¤à¤®.à¤.। राजसà¥à¤¥à¤¾à¤¨ विशà¥à¤µà¤µà¤¿à¤¦à¥à¤¯à¤¾à¤²à¤¯ से पतà¥à¤°à¤•ारिता में पोसà¥à¤Ÿà¤—à¥à¤°à¥‡à¤œà¥à¤à¤Ÿ डिपà¥à¤²à¥‹à¤®à¤¾à¥¤ अवधेश पà¥à¤°à¤¤à¤¾à¤ª सिंह विशà¥à¤µà¤µà¤¿à¤¦à¥à¤¯à¤¾à¤²à¤¯, रीवा, मधà¥à¤¯ पà¥à¤°à¤¦à¥‡à¤¶ के कला संकाय के अंतरà¥à¤—त डी.लिट. की मानद उपाधि। अखिल à¤à¤¾à¤°à¤¤à¥€à¤¯ विदà¥à¤¯à¤¾à¤°à¥à¤¥à¥€ परिषद में राषà¥à¤Ÿà¥à¤°à¥€à¤¯ सचिव का दायितà¥à¤µ निरà¥à¤µà¤¹à¤¨ किया।
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यह पà¥à¤¸à¥à¤¤à¤• à¤à¤¾à¤°à¤¤à¥€à¤¯ संविधान के à¤à¤¤à¤¿à¤¹à¤¾à¤¸à¤¿à¤• सच, तथà¥à¤¯, कथà¥à¤¯ और यथारà¥à¤¥ की कौतूहलता का सजीव चितà¥à¤°à¤£ करती है। संविधान की कलà¥à¤ªà¤¨à¤¾, अवधारणा और उसका उलà¤à¤¾ इतिहास इसमें समाहित है। घटनाà¤à¤ इतिहास नहीं होतीं, उसके नायक इतिहास बनाते हैं।1920 से महातà¥à¤®à¤¾ गांधी ने सà¥à¤µà¤¾à¤§à¥€à¤¨à¤¤à¤¾ आंदोलन की मà¥à¤–à¥à¤¯à¤§à¤¾à¤°à¤¾ का नेतृतà¥à¤µ किया। उनà¥à¤¹à¥‹à¤‚ने ही सà¥à¤µà¤°à¤¾à¤œà¥à¤¯ को पà¥à¤¨à¤°à¥à¤ªà¤°à¤¿à¤à¤¾à¤·à¤¿à¤¤ किया। फिर संविधान की कलà¥à¤ªà¤¨à¤¾ को शबà¥à¤¦à¥‹à¤‚ में उतारा। इस तरह संविधान की अवधारणा का जो विकास हà¥à¤†, उसके राजनीतिक नायक महातà¥à¤®à¤¾ गांधी हैं। वे संविधान सà¤à¤¾ के गठन, उसे विघटित होने से बचाने और सतà¥à¤¤à¤¾ हसà¥à¤¤à¤¾à¤‚तरण की हर पà¥à¤°à¤•à¥à¤°à¤¿à¤¯à¤¾ में अतà¥à¤¯à¤‚त सतरà¥à¤• हैं। उनà¥à¤¹à¥‹à¤‚ने हर मोड़ पर कांगà¥à¤°à¥‡à¤¸ को बौदà¥à¤§à¤¿à¤•, विधिक, राजनीतिक और नैतिक मारà¥à¤—दरà¥à¤¶à¤¨ दिया। संविधान के इतिहास से पता नहीं कà¥à¤¯à¥‹à¤‚, इसे ओà¤à¤² किया गया है। गà¥à¤°à¥‡à¤¨à¤µà¤¿à¤² ऑसà¥à¤Ÿà¤¿à¤¨ ने जो सà¥à¤¥à¤¾à¤ªà¤¨à¤¾ दी, उसके विपरीत इस पà¥à¤¸à¥à¤¤à¤• में महातà¥à¤®à¤¾ गांधी की नेतृतà¥à¤µà¤•ारी à¤à¥‚मिका का पà¥à¤°à¤¾à¤®à¤¾à¤£à¤¿à¤• विवरण है। पंडित नेहरू बड़बोले नेता थे। खंडित चितà¥à¤¤ से उनका वà¥à¤¯à¤•à¥à¤¤à¤¿à¤¤à¥à¤µ विरोधाà¤à¤¾à¤¸à¥€ था।